मधुसूदन आनंद हिंदी कथा के आठवें दशक के एक महत्त्वपूर्ण नाम हैं। मिन्नी या करौंदे का पेड़ आपकी बहुचचिॅत कहानियां हैं। वैसे भी आपने जो भी कहानियां लिखीं , आकार में छोटी होने के बावजूद विचार में बड़े फलक की…
सुधांशु गुप्त नौवें दशक के महत्त्वपूर्ण हस्ताक्षर हैं। कहानी और आलोचना के क्षेत्र में आपकी प्रसिद्धि है। यहां हम आपकी एक कहानी प्रस्तुत कर सहे हैं। कहानी में यथार्थ और यथार्थ होने की संभावना के बीच एक संकरी गली है।…
कल्पना मनोरमा सम्पादन और कथा लेखन का एक महत्त्वपूर्ण नाम है। आप स्त्री और पुरुष के बीच संबंधों के उस धागे को खोलती हैं जो स्त्री को घर या समाज में कमतर आंकने पर टूट जाता है। कल्पना मनोरमा की…
सत्यनारायण पटेल मुख्यत: मालवा क्षेत्र के ग्रामीण जीवन के चितेरे हैं। ग्रामीण क्षेत्र में इधर जो बदलाव देखने को मिलते हैं , सत्यनारायण उसको बहुत ही सधे अंदाज़ में व्यक्त करते हैं। प्रेम को आप कवित्त बना देते हैं। क्रूरता…
समकालीन हिंदी कविता में रंजना मिश्र का योगदान उन विरल आवाज़ों में से है, जो शास्त्रीय संगीत की गहन साधना को स्त्री-संवेदना की तरल अभिव्यक्ति से जोड़कर एक नई ‘नाद-भाषा’ की सृष्टि करती हैं। उनकी रागाधारित कविताएँ—‘राग अल्हैया बिलावल’, ‘राग…
